• Fri. Oct 9th, 2026

सरायकेला : विस्थापित आदिवासी युवक ने जान-माल की सुरक्षा के लिए प्रशासन से लगाई गुहार, चांडिल थाना पर रिसीव नहीं करने का आरोप ।

admin's avatar

Byadmin

Oct 9, 2026
crescent ad

 

सरायकेला : श्मशान घाट के विरोध के बाद गांव में बंधक बनाने और धारदार हथियार से हमले के प्रयास का आरोप, एसडीओ-डीसी से सुरक्षा की मांग ।

चांडिल अनुमंडल क्षेत्र के आदिवासी समुदाय के जगन्नाथ किस्कू चांडिल कटिया पुनर्वास के निवासी डैम से पुर्नविस्थापित युवक ने जान-माल की सुरक्षा को लेकर चांडिल थाना से लेकर जिला प्रशासन तक गुहार लगाई है। युवक ने गांव के कुछ लोगों पर श्मशान घाट का विरोध करने पर बंधक बनाने, गाली-गलौज और धारदार हथियार से हमला करने के प्रयास का आरोप लगाया है।

 

पीड़ित ने मीडिया को बताया कि वह कटिया पुनर्वास क्षेत्र में रहता है और पूरे गांव के साथ श्मशान घाट का विरोध किया था। इसी विरोध के कारण गांव के कुछ लोगों ने विस्थापितों को 12.30 डिसमिल के अंदर ही रहने को कहा और बाहर निकलने से रोका। आरोप है कि 29 तारीख को शौच के लिए बाहर जा रहे युवक को रास्ते में रोककर गाली-गलौज की गई और कहा गया कि विस्थापित क्षेत्र से बाहर नहीं निकलने दिया जाएगा।

 

युवक का आरोप है कि यह सिलसिला 3-4 दिन तक चला। इसके बाद वह दूसरे रास्ते से जाने लगा। शुक्रवार की आज सुबह करीब 3:30 से 4:00 बजे के बीच जब वह घर से 7-8 फीट बाहर निकला और मोबाइल लेने के लिए वापस मुड़ा, तो घर के सामने एक अज्ञात व्यक्ति धारदार हथियार (चापड़) लेकर खड़ा था। युवक को देखते ही वह दौड़कर उसकी ओर आया। युवक के मुताबिक पीछे की तरफ एक और व्यक्ति भी दौड़ा।

 

युवक ने शोर मचाया – “साहिल जल्दी उठो, मुझे दौड़ा रहा है” – जिसके बाद बगल के घर के लोग बाहर निकले और दोनों हमलावर सड़क की ओर भाग गए। उस समय एक बोलेरो गाड़ी भी वहां से निकलती देखी गई। घटना के बाद युवक करीब डेढ़ घंटे तक काफी डरा-सहमा रहा।

इसके बाद युवक ने गांव वालों को बुलाया और फिर जानकार लोगों की सलाह पर लिखित शिकायत लेकर चांडिल थाना गया। आरोप है कि थाना में करीब 3:20 बजे ओडी में बैठे अधिकारी ने यह कहते हुए शिकायत रिसीव करने से मना कर दिया कि “आप पर हमला तो हुआ नहीं, कट लगा नहीं है, बड़ा बाबू आएंगे तब देखा जाएगा।”

इसके बाद पीड़ित अनुमंडल कार्यालय पहुंचा और लिखित आवेदन डीएसपी कार्यालय में देकर जान-माल की सुरक्षा की गुहार लगाई है।

युवक ने प्रशासन से अपनी और परिवार की सुरक्षा सुनिश्चित करने और मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है।


There is no ads to display, Please add some
Post Disclaimer

स्पष्टीकरण : यह अंतर्कथा पोर्टल की ऑटोमेटेड न्यूज़ फीड है और इसे अंतर्कथा डॉट कॉम की टीम ने सम्पादित नहीं किया है
Disclaimer :- This is an automated news feed of Antarkatha News Portal. It has not been edited by the Team of Antarkatha.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *