
बेरमो/बोकारो थर्मल-
बोकारो थर्मल स्थित डीवीसी परियोजना के बाजारटांड़ क्षेत्र से ऐश पौंड तक जाने वाली पुरानी एवं जर्जर ऐश पाइपलाइन को बदलने का कार्य शुक्रवार से शुरू हो गया।

परियोजना के मुख्य महाप्रबंधक सह परियोजना प्रधान सुशील कुमार अरजरिया ने विधिवत पूजा-अर्चना एवं नारियल फोड़कर कार्य का शुभारंभ किया।

इस अवसर पर अरजरिया ने बताया कि संबंधित पाइपलाइन 500 मेगावाट ताप विद्युत इकाई की स्थापना के समय से उपयोग में है।
लंबे समय से संचालन में रहने के कारण पाइपलाइन काफी पुरानी हो चुकी है। कई स्थानों पर अनधिकृत निर्माण के चलते इसकी ऊपरी सतह क्षतिग्रस्त हो गई है, जबकि लगातार उच्च दबाव में ऐश परिवहन होने से पाइप की भीतरी सतह भी घिस चुकी है। इसके कारण पाइपलाइन में बार-बार लीकेज की समस्या उत्पन्न हो रही थी।
उन्होंने बताया कि पहले चरण में करीब 3.5 किलोमीटर लंबी पाइपलाइन बदली जाएगी, जिस पर लगभग 80 लाख रुपये की लागत आएगी। कार्य को चरणबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा।
पहले दो पाइपलाइन बदली जाएंगी, उसके बाद ऐश परिवहन को नई लाइन में स्थानांतरित किया जाएगा। इसके बाद शेष लाइनों को बदला जाएगा। कुल मिलाकर पांच पाइपलाइनों के प्रतिस्थापन की योजना है।
परियोजना प्रधान ने कहा कि नई पाइपलाइन लगने के बाद अगले आठ से दस वर्षों तक लीकेज की घटनाओं में उल्लेखनीय कमी आने की उम्मीद है।
हालांकि, उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यांत्रिक प्रणाली होने के कारण भविष्य में किसी भी प्रकार की तकनीकी समस्या की संभावना से पूरी तरह इनकार नहीं किया जा सकता।
उन्होंने यह भी जानकारी दी कि डीवीसी अपनी भूमि से होकर पाइपलाइन के नए रूट के प्रस्ताव को लेकर इंजीनियरिंग विभाग की फाइल मुख्यालय, कोलकाता भेज चुका है, जिस पर आवश्यक प्रक्रिया जारी है।
कार्यक्रम के दौरान ओएंडएम महाप्रबंधक मधुकर श्रीवास्तव, राहुल साहा, सचिन बोदलकर, प्रकाश ठाकुर, नरेश मुंसकर, जसीम अहमद, अभिजीत डुले, मनीष कुमार चौधरी, पी.के. सिंह, देवप्रसाद खां, सुरजीत सरकार, संवेदक सोनू, संजय गिरी सहित डीवीसी के कई अधिकारी एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
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