• Wed. Jan 14th, 2026

झारखंड को बंगाल बनाने की भूल नहीं करें झामुमो : डॉ रविंद्र राय

ByBiru Gupta

Nov 27, 2024

 

 

भाजपा कार्यकर्ताओं को सड़क पर उतरने को नहीं करें मजबूर

भाजपा कमजोर समझने की गुस्ताखी इंडी गठबंधन नहीं करें

रांची। प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष डॉ रविंद्र राय ने कहा कि भाजपा चुनाव को बहुत ही सहज ढंग से लेती है। इसलिए जब झारखंड विधानसभा चुनाव का परिणाम आया था, तब सहज ढंग से उसे स्वीकार किया था। उसके अनुसार पार्टी की भूमिका को आगे तय करने का एलान भी किया था। पार्टी नहीं चाहती है कि लोकतंत्र में टकराहट हो। वह 26 नवंबर को प्रदेश कार्यालय में मीडिया से बात कर रहे थे।झारखंड पर्यटन

 

 

डॉ राय ने कहा कि झारखंड मुक्ति मोर्चा और कांग्रेस के समर्थक चुनाव परिणाम आने के बाद अहंकार में चूर हो गए हैं। लोकतंत्र को कलंकित करने की कोशिश कर रहे हैं। पिछले तीन दिनों से खुशी के माहौल में दूसरे को अपमानित किया जा रहा है। भाजपा इंतजार में थी कि यह थम जाएगा, लेकिन लगातार झामुमो और उनके सहयोगी दलों के लोग प्रदेश में अलग-अलग जगह पर अराजकता पैदा करने की कोशिश कर रहे हैं।

 

डॉ राय ने कहा कि मुख्यमंत्री के विधानसभा क्षेत्र बरहेट में कई मुस्लिम परिवार के लोगों ने भाजपा के पक्ष में काम किया। झंडा बांधा। उनके घरों में हमले किए गए। उन्हें भयभीत करने का काम किया गया। अराजकता पैदा करने की कोशिश हर जगह हो रही है। इसके मद्देनजर प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी ने आज बरहेट का दौरा किया। इस तरह की घटना पाकुड़, राजहमल में भी घटी है। बहरागोड़ा के चाकुलिया, बहरागोड़ा में वे उत्पात मचा रहे हैं। भाजपा सांसद के कहने के बाद भी जिला प्रशासन द्वारा नियंत्रित नहीं किया जा सका है।

 

कार्यकारी अध्यक्ष ने कहा कि बहरागोड़ा के नवनिर्वाचित विधायक समीर मोहंती का भतीजा राकेश मोहंती और ओडिशा में रहने वाला उनका भांजा अविनाश पटनायक जगह-जगह पर अपने साथ आपराधिक तत्वों को लेकर उपद्रव करने का काम कर रहे हैं। मनोज पाल के साथ मारपीट की गई। चाकुलिया के भाजपा कार्यकर्ता शंभू नाथ मल्लिक, मनोज अग्रवाल के घर में जाकर परिवार को अपमानित करने की कोशिश की गई। सुशील शर्मा के साथ भी अभद्र व्यवहार किया। कई लोगों ने पुलिस को सूचना भी दी।

 

 

डॉ राय ने कहा कि सीता सोरेन चुनाव की गणना के बाद जब निकली, तब उनके कार्यकर्ताओं द्वारा अभद्र शब्द का प्रयोग किया गया। जामताड़ा में उन्हें मानसिक तौर पर प्रताड़ित करने का काम किया गया। चुनाव के समय भी उनके खिलाफ गंदे शब्दों का प्रयोग किया गया था। जामताड़ा में हिंदू समाज के परिवार की शादी हो रही थी, वहां जुलूस निकालने वाले मुसलमानों ने शादी में घुसकर महिलाओं के साथ अभद्र व्यवहार किया। वहां थानेदार को माफी मांगनी पड़ी।

 

 

 

प्रदेश कार्यकारी अध्यक्ष ने कहा कि पिछले दो दिनों से लगातार पार्टी के वरिष्ठ नेता, पदाधिकारी, प्रत्याशी, सत्र छोड़कर सांसद शांति स्थापित करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि भाजपा झारखंड में कमजोर समझने की गुस्ताखी इंडी गठबंधन के लोग नहीं करें। भाजपा ने यहां सरकार चलाई है और विपक्ष की भूमिका भी निभाई है। झामुमो के लोगों की संताल परगना में पुरानी आदत है। वह घरों में जाकर भयभीत करने की कोशिश करते हैं। हारेंगे तो हूरेंगे, जीतेंगे तो थूरेंगे का नारा देते हैं।

 

डॉ राय ने कहा कि अब सशक्त रूप से समाज के सभी वर्गों के लोग उठ खड़े हुए हैं। झारखंड को बंगाल बनाने की भूल झारखंड मुक्ति मोर्चा नहीं करें। यहां पर राजनीतिक दब्बूपन किसी में नहीं है। भाजपा ने परिणाम को सहजता से स्वीकार किया है। भाजपा कार्यकर्ता चूड़ी पहन कर नहीं बैठे हैं। बर्दाश्त करने की एक सीमा होती है। भाजपा के कार्यकर्ताओं को सड़क पर उतरने की मजबूर नहीं करें। प्रशासन की संवैधानिक व्यवस्था रहनी चाहिए।

 

 

डॉ राय ने मुख्य सचिव और डीजीपी से मांग की कि चुनाव से जुड़े कोई भी मामले में प्रदेश में कहीं कोई घटना होती है तो उसे तुरंत नियंत्रित किया जाए। इस विषय पर कड़े निर्देश दिए जाने चाहिए, अन्यथा अप्रिय घटनाएं होने की आशंका है। ऐसी घटनाओं पर नियंत्रित नहीं होने पर जनता मजबूर होकर सड़क पर उतरेगी। भाजपा यह नहीं चाहती है कि झारखंड में यह स्थिति उत्पन्न हो। राज्‍य में एक तरफ राजनीतिक आतंक और दूसरी तरफ अपराधी हैं। सरकार गठन के पहले ही झारखंड से संदेश जा रहा है कि आने वाली सरकार में जान माल की सुरक्षा का अभाव रहेगा। लोगों की जान माल की सुरक्षा की चिंता शायद प्रशासन ना कर सके तो स्वयं करना होगा। यह बहुत ही दुर्भाग्यपूर्ण होगा।

 

डॉ राय ने कहा कि चुनाव के बाद कानून व्यवस्था पर प्रश्न उठा है। लोकतंत्र को कलंकित करने की कार्रवाई झामुमो और कांग्रेस द्वारा हो रही है। इस पर तुरंत रोक लगाए, ताकि किसी भी राजनीतिक प्रतिशोध में सड़क पर उतरने की जरूरत नहीं पड़े। सत्ता का परिवर्तन सहज और स्वाभाविक तरीके से होना चाहिए। स्वाभाविक प्रकृति को तोड़ने का काम करने पर इसकी जिम्मेदारी पूरी तरह से झारखंड मुक्ति मोर्चा और कांग्रेस की होगी।

 

 

प्रेस कॉन्फ्रेंस में प्रदेश मीडिया प्रभारी शिवपूजन पाठक और प्रदेश प्रवक्ता रमाकांत महतो भी मौजूद थे।


There is no ads to display, Please add some
Post Disclaimer

स्पष्टीकरण : यह अंतर्कथा पोर्टल की ऑटोमेटेड न्यूज़ फीड है और इसे अंतर्कथा डॉट कॉम की टीम ने सम्पादित नहीं किया है
Disclaimer :- This is an automated news feed of Antarkatha News Portal. It has not been edited by the Team of Antarkatha.com

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *