
धनबाद नगर निगम चुनाव में संजीव सिंह की जीत ने कोयलांचल की राजनीति में नई हलचल पैदा कर दी है। इस परिणाम को सिर्फ एक महापौर चुनाव की जीत नहीं, बल्कि स्थानीय राजनीतिक समीकरणों में बड़े बदलाव के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
चुनाव परिणाम के बाद समर्थकों का कहना है कि यह जनादेश अहंकार और अतिविश्वास की राजनीति के खिलाफ है। वहीं आलोचकों का मानना है कि यह नतीजा संगठनात्मक रणनीति और स्थानीय मुद्दों की अनदेखी का परिणाम है। मौजूदा सांसद ढुलू महतो की भूमिका को लेकर भी राजनीतिक गलियारों में चर्चा तेज है।
भाजपा समर्थित प्रत्याशी संजीव अग्रवाल की हार ने कई सवाल खड़े कर दिए हैं। राजनीतिक विश्लेषकों के अनुसार, मतदाताओं ने इस बार स्थानीय नेतृत्व और नए विकल्प पर भरोसा जताया है।
धनबाद कोयलांचल में अब नई राजनीति की दस्तक साफ सुनाई दे रही है। संजीव सिंह की जीत को उनके समर्थक भविष्य की बड़ी राजनीतिक पारी की शुरुआत मान रहे हैं।
जनता ने अपना फैसला सुना दिया है—अब नजर इस बात पर रहेगी कि नई टीम शहर के विकास और जनअपेक्षाओं पर कितनी खरी उतरती है।
#SanjevSingh #RaginiSingh #DhanbadPolitics

There is no ads to display, Please add some

संजय चौहान पिछले 20 वर्षों से पत्रकारिता के क्षेत्र में सक्रिय हैं। उन्होंने रांची विश्वविद्यालय से स्नातक की शिक्षा प्राप्त की है तथा पटना से मास कम्युनिकेशन में एम.ए. किया है। वीडियो एडिटिंग के क्षेत्र में उनकी विशेष दक्षता रही है, जिसके लिए उन्हें कई बार बेस्ट अवॉर्ड से सम्मानित किया जा चुका है। उन्होंने स्ट्रीटबज़ न्यूज़ और इंडिया न्यूज़ जैसे प्रतिष्ठित मीडिया संस्थानों के साथ कार्य करने का अनुभव प्राप्त किया है।


Post Disclaimer
स्पष्टीकरण : यह अंतर्कथा पोर्टल की ऑटोमेटेड न्यूज़ फीड है और इसे अंतर्कथा डॉट कॉम की टीम ने सम्पादित नहीं किया है
Disclaimer :- This is an automated news feed of Antarkatha News Portal. It has not been edited by the Team of Antarkatha.com
