
धनबाद
वासेपुर के कुख्यात प्रिंस खान के इशारे पर मेजर बन कर कारोबारियों को धमकी देने वाले दो लड़कों सहित पुलिस ने गैंग के चार लोगों को गिरफ्तार किया है. एसएसपी संजीव कुमार ने पुलिस ऑफिस में पत्रकारों से बातचीत करते हुए चारों की गिरफ्तारी की पुष्टि की.
उन्होंने बताया कि प्रिंस खान के गैंग में छद्म नाम मेजर बनने वाले पकड़े गए हैं. इससे पहले भी गिरोह के कुंदन धिकार और अनुज कुमार सिंह को पुलिस ने जेल भेजा था. वे भी मेजर बन कर लोगों को धमकी देते थे.
एसएसपी के आदेश पर ग्रामीण एसपी रिष्मा रमेशन की अगुवाई में विशेष टीम गठित की गई थी. टीम में डीएसपी लॉ एंड ऑर्डर अरविंद बिन्हा, इंस्पेक्टर विनय कुमार, रणधीर कुमार और पीके सिंह के साथ कई दारोगा आदि शामिल थे. विशेष टीम ने धनबाद और बिहार के अलग-अलग इलाकों में दबिश देकर पंजाबी टोला इसरी बाजार निमियाघाट गिरिडीह निवासी विशाल मिश्रा, बैंक मोड़ मिठू रोड जमुनाबाई रोड बालाजी मैजेस्टिक निवासी मो. अमन उर्फ राजा और वासेपुर करीमगंज निवासी सद्दाम अंसारी के अलावा कमर मखदुमी रोड के एक नाबालिग को दबोचा है. प्रिंस गैंग को धार दे रहे न्यू मटकुरिया के रिकवरी एजेंट पिंटू सिंह को भी पुलिस खोज रही है.

पूछताछ में खुलासा हुआ है कि पकड़े गए आरोपियों ने पार्क मार्केट हीरापुर के अजय इलेक्ट्रॉनिक के मालिक अजय चौरसिया सहित धनबाद के कई व्यापारियों को मेजर और मैनेजर बनकर प्रिंस खान के नाम पर रंगदारी के लिए धमकी दी थी. आरोपियों की निशानदेही पर न्यू मटकुरिया कॉलोनी से एक पिस्तौल, पांच गोली, दो मोबाइल, वाईफाई डिवाइस आदि जब्त किए गए हैं.
रिकवरी एजेंट के जानी दुश्मन भाई से मिला लिया हाथ विशाल मिश्रा ने पुलिस को बताया कि वह 2019 में न्यू मटकुरिया कॉलोनी के रिकवरी एजेंट उपेंद्र सिंह के लिए काम करता था. वह गाड़ी सीज करता था. इसी क्रम में उसकी दोस्ती मो. अमन उर्फ राजा से हुई थी. 2020 में जब उपेंद्र सिंह एक केस में जेल चला गया तो वह और राजा उपेंद्र सिंह के जानी दुश्मन भाई पिंटू सिंह और प्रिंस खान के साथ मिलकर काम करने लगे. प्रिंस खान गिरिडीह में उसके घर भी आता-जाता था. विशाल नाबालिग लड़की के अपहरण और गोरहर में गाड़ी छीनने के केस में जेल जा चुका है.

प्रिंस को व्हाट्सएप के लिए दिया था बंगाल का नंबर विशाल ने बताया कि उसने प्रिंस खान के कहने पर उसे बंगाल से लिए एक सिम का नंबर दिया था. प्रिंस खान इस नंबर पर व्हाट्सएप चला रहा था. उसने ही व्हाट्सएप एक्टिव करने के लिए प्रिंस खान को ओटीपी दिया था. इस नंबर से ही प्रिंस खान ने क्लीनिलैब के मालिक सहित अन्य को धमकी दी थी. 12 दिसंबर को राजा ने विशाल को बताया था कि पार्क मार्केट स्थित इलेक्ट्रॉनिक्स दुकान के मालिक अजय कुमार चौरसिया बहुत पैसे वाले हैं, उसे धमकी देने से अच्छा पैसा मिल जाएगा. उसने अजय चौरसिया का मोबाइल नंबर भी दिया था. उसने अजय का नंबर प्रिंस खान को भेज दिया था.
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