
केरेडारी से रोहित गोस्वामी की रिपोर्ट

केरेडारी : दिव्य ग्रंथ अध्ययन केन्द्र द्वारा संचालित कवि गोष्ठी कार्यक्रम अपने निर्धारित समय से गूगल मीट पर ऑनलाइन संपन्न हुआ। कोडरमा से पीयूष पाणि जी ने सभा की अध्यक्षता और मंच का संचालन किया। अध्यक्ष श्री अरविंद तिवारी जी ने सात सुरों का संगम जीवन सात चक्र का मालिक है,की प्रस्तुति की। हजारीबाग ( कण्डाबेर) से दिवाकर पाठक जी ने हनुमत प्यारे रामजी हमारे चरणों का दास बना लो आप हमारे,की प्रस्तुति कर सबों के मन- मंदिर को राममय बना दिया। कोडरमा से गिरधर जी ने परीक्षा के प्रति बच्चों का बोझ कम करने,की प्रस्तुति की। नेपाल से विमुन्स जी ने सुधा भावना से मिलेगा सही प्यार,की प्रस्तुति की। जमशेदपुर से क्षमा श्री ने सत्य सनातन की जय हो,की प्रस्तुति की। जामताड़ा से उज्जवल मिश्रा जी ने महके हम भी जैसे चंदन,की प्रस्तुति की। चतरा से रवीन्द्र नारायण पाठक जी,हजारीबाग से श्याम किशोर मिश्रा जी,देवघर के चित्रा थाना में पदस्थापित थानेदार राजीव जी,कोडरमा से ओमप्रकाश जी,आदि। देश के विभिन्न हिस्सों से कवियों ने भाग लेकर अपने अनोखे अंदाज में अपनी प्रस्तुति प्रस्तुत कर, सबों के मन-मंदिर में आनंद रस से सराबोर कर दिया। कार्यक्रम का विराम कोडरमा से पीयूष पाणि जी ने हास्य रचना बैलेंस स्वीकार कर ली है अलकायदा ने सदस्य बनाने के लिए,की प्रस्तुति कर लोगों को हंसते हंसाते रहे।

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