
चांडिल, सरायकेला: सरायकेला-खरसावां जिले में स्थित चांडिल बहुउद्देशीय परियोजना के डैम का जलस्तर बढ़ने के बाद आज 11 रेडियल गेट खोल दिए गए हैं। इनमें से 5 गेट ढाई मीटर और 6 गेट डेढ़ मीटर तक खोले गए हैं। लगातार हो रही बारिश के कारण डैम का जलस्तर बढ़कर 181.22 मीटर हो गया है, जिससे सुवर्णरेखा नदी का जलस्तर भी तेजी से बढ़ रहा है। इससे पश्चिम बंगाल और पूर्वी सिंहभूम जिले के जमशेदपुर में बाढ़ का खतरा बढ़ गया है।

जनजीवन अस्त-व्यस्त, विस्थापित गांव प्रभावित

डैम से पानी छोड़े जाने के कारण ईचागढ़ सहित दर्जनों विस्थापित गांवों में पानी घुसने लगा है, जिससे विस्थापितों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। सुवर्णरेखा नदी के किनारे बसे इलाकों में रहने वाले लोगों को सतर्क रहने की चेतावनी दी गई है।
प्रशासन की अपील और लोगों की लापरवाही
जिला प्रशासन ने स्थिति की गंभीरता को देखते हुए आपदा प्रबंधन नियंत्रण कक्ष को सक्रिय कर दिया है। लोगों से नदी-नालों और जलभराव वाले क्षेत्रों से दूर रहने की अपील की गई है।
हालांकि, शाम को पानी छोड़े जाने के दौरान कुछ पर्यटक चांडिल डैम पर पहुंचे और जलाशय देखकर आनंद लेते दिखे। वहीं, कुछ लोग नदी किनारे मछली पकड़ते हुए भी नजर आए। प्रशासन ने निचले इलाकों की सड़कों के डूबने की भी आशंका जताई है।
There is no ads to display, Please add some


Post Disclaimer
स्पष्टीकरण : यह अंतर्कथा पोर्टल की ऑटोमेटेड न्यूज़ फीड है और इसे अंतर्कथा डॉट कॉम की टीम ने सम्पादित नहीं किया है
Disclaimer :- This is an automated news feed of Antarkatha News Portal. It has not been edited by the Team of Antarkatha.com
