
सिंदरी, 2 जून 2026: आज बिरसा समिति परिसर में समिति के संस्थापक माननीय आनंद महतो की अध्यक्षता में एक विशेष बैठक आयोजित की गई। बैठक में आगामी 9 जून को महान स्वतंत्रता सेनानी भगवान बिरसा मुंडा के शहादत दिवस को ‘ऊर्जा दिवस’ के रूप में मनाने का सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया।
बैठक को संबोधित करते हुए आनंद महतो ने कहा कि आदिवासी आंदोलन के महानायक ‘धरती आबा’ बिरसा मुंडा ने आदिवासियों के सामाजिक, आर्थिक और राजनीतिक अधिकारों की रक्षा के लिए ब्रिटिश शासन के खिलाफ बिगुल फूंका था। उन्होंने बिखरे हुए आदिवासी समाज को संगठित कर ‘उलगुलान’ महाविद्रोह के लिए प्रेरित किया, जिसने अंग्रेजी हुकूमत की नींव हिला दी थी। वे एक स्वतंत्रता सेनानी होने के साथ-साथ दूरदर्शी समाज सुधारक भी थे।

*शहादत दिवस कार्यक्रम की रूपरेखा:*

– *समय और स्थान*: 9 जून को सुबह ठीक 8:00 बजे सभी सदस्य बिरसा समिति परिसर में एकत्रित होंगे।
– *श्रद्धांजलि सभा*: बिरसा समिति के संस्थापक आनंद महतो द्वारा भगवान बिरसा मुंडा के चित्र पर पुष्प अर्पित कर नमन किया जाएगा।
– *पदयात्रा व माल्यार्पण*: इसके बाद सभी बिरसा प्रेमी ‘बिरसा तकनीकी संस्थान गौशाला’ की ओर प्रस्थान करेंगे। वहां आनंद महतो द्वारा स्थापित बिरसा मुंडा की आदमकद प्रतिमा पर माल्यार्पण कर सामूहिक रूप से श्रद्धांजलि दी जाएगी।
*बैठक में उपस्थित सदस्य:*
सुरेश प्रसाद, राजीव मुखर्जी, विमल रवानी, रवि लाल हेमरम, महालाल हंसदा, नुनु लाल टुडू, दशरथ ठाकुर, सहदेव सिंह, विरिंचि महतो, छोटन चटर्जी, मंगल महतो, ओमप्रकाश राम, गोपाल महतो, विक्रम महतो, दिलीप विश्वकर्मा, राजेश मुखर्जी, विनोद महतो, मिहिर मंडल और अनिल सिंह सहित कई अन्य बिरसा प्रेमी उपस्थित थे।
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