
जमशेदपुर : परसुडीह थानांतर्गत किताडीह सुपर बॉयज क्लब मैदान के पास रहने वाले तुरतन कंडुलना (50) की पतथर से कूच कर कर दी गयी. पुलिस ने शव को अपने कब्जे में कर उसे पोस्टमार्टम के लिए एमजीएम मेडिकल कॉलेज भेज दिया है. वहीं पुलिस ने हत्यार प्रतीक हंस को सरायकेला से खुंटी जाने के दौरान Arrest कर लिया है.

प्रतीक हंस मूल रूप से खुटी का रहने वाला है. लेकिन वह पिछले करीब दो वर्ष से किताडीह में एक मकान किराये पर लेकर अपने पिता के साथ रह रहा था. घटना बुधवार देर रात की है. मृतक के भाई इदन कंडुलना के बयान पर प्रतीक हंस के खिलाफ Murder का केस दर्ज किया है. घटना के संबंध में मिली जानकारी के अनुसार तुरतन कंडुलना और प्रतीक हंस दोनों एक दूसरे को पहले से जानते थे. दोनों पड़ोसी भी है. बुधवार की रात को प्रतीक ने तुरतन कंडुलना को Call कर शराब पार्टी करने की बात की. उसके बाद दोनों बुधवार की देर रात को एक साथ प्रतीक के कमरे में शराब पिये.

शराब पीने के बाद तुरतन कंडुलना ने प्रतीक को कहने लगा कि वह अपना समय खराब कर रहा है. उसे नौकरी करना चाहिए. खाली बैठने और इधर-उधर घूमने से कुछ नहीं होगा. इन सभी बातों को सून कर प्रतीक ने पहले तुरतन कंडुलना को शांत रहने की बात की और कहा कि उसे समझाने की जरूरत नहीं है.
लेकिन नशे में हाेने के कारण तुरतन कंडुलना ने उसको समझाना बंद नहीं किया. उसी बात को लेकर प्रतीक और तुरतन कंडुलना का आपस में विवाद के बाद झगड़ा हो गया. इस दौरान तुरतन कंडुलना ने प्रतीक को गाली गलौज भी कर दिया.इसी दौरान प्रतीक तुरतन कंडुलना के घर के पास रखे पत्थर को उठाया और तुरतन कंडुलना के सिर पर हमला कर दिया. उसने बड़े आकार का पत्थर से सिर कूच कर उसकी हत्या की.
हत्या करने के बाद वह अपने घर खुंटी के लिए भाग गया. गुरुवार की सुबह जब आस पास और परिवार के लोगों ने जब तुरतन कंडुलना का शव घर के पास पड़ा देखा तो फौरन परसुडीह पुलिस को घटना के बारे में जानकारी दी गयी. उसके बाद पुलिस मौके पर पहुंच कर शव को अपने कब्जे में कर जांच शुरू किया.
हत्या का आरोपी प्रतीक हंस गिरफ्तार
दो वर्ष से किताडीह में रह रहा था प्रतीक : पुलिस ने बताया कि प्रतीक करीब दो वर्ष से Kitadih में मकान किराये पर लेकर अपने पिता के साथ रह रहा था. प्रतीक के पिता कहीं काम करते है.
लेकिन प्रतीक कोई काम नहीं करता है. वह बस्ती में भी किसी से ज्यादा मिलता-जुलता नहीं था. उसके संपर्क में भी कोई नहीं रहता था. इस संबंध में परसुडीह थाना प्रभारी ने खुंटी पुलिस से भी फोन पर प्रतीक के अपराधिक इतिहास के बारे में जानकारी ली. लेकिन प्रतीक के खिलाफ कोई केस दर्ज नहीं पाया गया.
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